प्रशिक्षण केंद्र निर्माण में अनियमितता का आरोप, ग्रामीणों ने की जांच की मांग
शनिवार, 28 मार्च 2026
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लिट्टीपाड़ा: प्रखंड के बाड़ू पंचायत अंतर्गत रघुनाथपुर में बन रहे स्वयं सहायता समूह प्रशिक्षण केंद्र भवन का निर्माण विवादों के घेरे में आ गया है। स्थानीय ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाते हुए विभाग से जांच की मांग की है।
सूचना पट्ट नहीं लगाए जाने पर सवाल
ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर अब तक कार्य से संबंधित कोई सूचना पट्ट नहीं लगाया गया है। नियमतः किसी भी सरकारी योजना के तहत निर्माण कार्य शुरू होने पर योजना की लागत, कार्यदायी संस्था, संवेदक का नाम और कार्य पूर्ण करने की समयसीमा अंकित करना अनिवार्य होता है। सूचना पट्ट नहीं होने से ग्रामीण आवश्यक जानकारी से वंचित हैं, जिससे भ्रष्टाचार की आशंका जताई जा रही है।
निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल
ग्रामीणों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि टाई बीम ढलाई में लापरवाही बरती जा रही है। निर्धारित 12 एमएम सरिया के स्थान पर 10 एमएम सरिया का उपयोग किया जा रहा है और निम्न गुणवत्ता की ईंट लगाई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि संवेदक कार्य में जल्दबाजी कर रहा है ताकि कमियों को छिपाया जा सके।
भविष्य में मजबूती पर खतरे की आशंका
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि इसी तरह घटिया सामग्री का उपयोग जारी रहा, तो भवन की मजबूती प्रभावित होगी और सरकारी धन का दुरुपयोग होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक गुणवत्ता सुनिश्चित नहीं होती और सूचना पट्ट नहीं लगाया जाता, तब तक वे कार्य की निगरानी करते रहेंगे।
कनीय अभियंता ने कही यह बात
कनीय अभियंता राजेंद्र मेहता ने बताया कि निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुसार कराया जाएगा। यदि जांच में 12 एमएम के स्थान पर 10 एमएम सरिया उपयोग की पुष्टि होती है, तो आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
कार्यपालक अभियंता ने दिए जांच के निर्देश
कार्यपालक अभियंता मृत्युंजय देहरी ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में नहीं था। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य स्वीकृत प्राक्कलन के अनुसार होना चाहिए। यदि संवेदक मनमानी कर रहा है, तो जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
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